मोदी कैबिनेट ने दी मंजूरी, लड़कियों की शादी की उम्र 18 साल से बढ़कर हुई इतनी

0
676

भारत में पहले के मुताबिक अब लड़कियों की सुरक्षा आदि को लेकर ज्यादा ध्यान दिया जा रहा है. इसी दिशा में लड़कियों की शादी की उम्र बढ़ाने को लेकर पीएम मोदी ने पिछले साल 2020 में स्वतंत्रता दिवस के मौके पर अपने भाषण में चर्चा की थी. बता दें कि केंद्र सरकार ने सराहनीय कदम उठाते हुए कैबिनेट की बैठक में लड़कियों की शादी की न्यूनतम उम्र बढ़ाने से जुड़े बिल को मंज़ूरी दे दी है.


दरअसल, पिछले साल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रीय राजधानी में लाल क़िले से दिए गए अपने भाषण में सरकार की मंशा के बारे में कहा था. उन्होंने भाषण के दौरान कहा था कि, लड़कियों की शादी की सही उम्र क्या हो इसके लिए एक कमेटी बनाई गई है, उसकी रिपोर्ट आते ही लड़कियों की शादी की उम्र को लेकर उचित फैसला लिया जाएगा. वहीं, अब इस दिशा में गति से कार्य होता नज़र आ रहा है.


वहीं, अगर मौजूदा कानून के बारे में आपको बताएं तो देश में लड़कों की शादी की उम्र न्यूनतम 21 साल और लड़कियों की शादी की न्यूनतम उम्र 18 साल है. अब सरकार बाल विवाह निषेध कानून, स्पेशल मैरिज एक्ट और हिंदू मैरिज एक्ट में संशोधन करेगी.


फिलहाल बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 लागू है और इसके मुताबिक तय उम्र से पहले की गई शादी को बाल विवाह माना जाएगा. यदि कोई बाल विवाह करता है तो करने वाले और करवाने वाले पर दो साल की जेल और एक लाख तक का जुर्माना लगाया जा सकता है. बताते चलें कि कैबिनेट की बैठक में लड़कियों की शादी की उम्र को 18 साल से बढ़ाकर 21 साल तक करने से समानता का भाव बढ़ेगा और पक्षपात की भावना खत्म होगी.