महाराष्ट्र में कोरोना से बिगड़ रहे हालात के चलते CM उद्धव ठाकरे ने निजी डॉक्टरों को लेकर जारी किया ये फरमान!

कोरोना का कहर जहाँ एक तरफ पूरी दुनिया में थम नहीं रहा है वहीँ अब भारत में भी कोरोना की स्थिति हर दिन खराब होती जा रही है. सरकार की तमाम कोशिशों के बावजूद भी हर दिन मरीजों की संख्या अब पिछले दिनों के मुकाबले रिकॉर्ड तोड़ बढ़ रही है जिसने सरकार की नींद उड़ा दी है. इन हालातों को देखते हुए ही सरकार ने लॉकडाउन को और आगे बढ़ाने का फैसला लिया लेकिन भारत में मरीजों की संख्या करीब 50 हजार पहुंच गयी है.

जानकारी के लिए बता दें भारत में महाराष्ट्र एक अकेला ऐसा राज्य है जहाँ शुरुआत से ही हालात खराब रहे हैं और अब भी हाल वैसा ही है. महाराष्ट्र में संक्रमित लोगों की संख्या हर दिन जबरदस्त बढ़ती जा रही है. महाराष्ट्र के बिगड़ते हालातों को देखते हुए सीएम उद्धव ठाकरे एक के बाद एक बड़ा कदम उठा रहे हैं ताकि कैसे भी इस महामारी से बचा जा सके लेकिन सभी प्रयास इस समय फ़ैल हो रहे हैं. इसी बीच अब उन्होंने एक और बड़ा फैसला लिया है.

महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे ने राज्य के बिगड़ते हालातों को देखते हुए निजी डॉक्टरों को सरकारी अस्पताल में बैठने का फरमान जारी कर दिया है. सरकार ने फरमान जारी करते हुए कहा है कि अगर कोई भी प्राइवेट प्रैक्टिस कर रहा डॉक्टर आने से मना करता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. दरअसल महाराष्ट्र में कोरोना की शुरुआत से ही मरीजों की संख्या बहुत तेजी से बढ़ रही है.

गौरतलब है कि केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय की ओर से जरी आंकड़ों के अनुसार महाराष्ट्र में इस समय कोरोना के पॉजिटिव मरीजों की संख्या 15525 हो गयी है. वहीँ 2819 लोग स्वस्थ भी हुए हैं और 600 से ज्यादा लोग अपनी जान दे चुके हैं. वहीँ राज्य सरकार के सामने सबसे बड़ी चुनौती अपने राज्य में फंसे प्रवासी मजदूरों को उनके गृह राज्य में पहुँचाने की है जोकि अब केंद्र सरकार पूरा कर रही है. केंद्र सरकार ने स्पेशल ट्रेन चलवाकर प्रवासी मजदूरों को उनके राज्य तक पहुँचाने का काम शुरू कर दिया है.