इस बार गणतंत्र दिवस की परेड में पहली बार होने जा रहे हैं ये काम

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26 जनवरी को मनाने वाला गणतंत्र दिवस इस बार हमारे देश को ही नहीं बल्कि पडोसी देश को भी ख़ास होने वाला है. इस बार की परेड में भारत सरकार ने ऐसे इंतजाम किये हैं जो अपने पडोसी मुल्कों की नींद जरुर उड़ा देंगे. जी हाँ इस बार की परेड में सेना की उस टुकड़ी को भी परेड में शामिल किया जायेगा जिसने पाकिस्तान में घुसकर आतंकी कैम्पों को तबाह कर दिया था. इस परेड में दुशम पर अचूक निशाना लगाने वाली आटोमेटिक तोप तोप भी शामिल होगी. आये बताते हैं ऐसा क्या और क्या क्या होने जा रहा है इस बार…

ऑटोमेटिक सारंग तोप 

सारंग तोप पहली बार गणतंत्र दिवस की परेड का हिस्सा बनने जा रही है. इस तोप की सबसे ख़ास बात ये है कि ये हर 5 सेकंड में एक गोला दागने की क्षमता रखती है जोकि दुश्मनों की नींद उड़ाने के लिए काफी है. सोवियत संघ से खरीदी गयी सारंग तोप का अपग्रेड वर्जन पूरा स्वदेशी तकनीकी से तैयार किया गया है.

एंटी सेटेलाइट मिसाइल 

27 मार्च 2019 के दिन को कोई भूल नहीं सकता इस दिन कुछ ऐसा हुआ था जिसकी सूचना पूरी दुनिया को पीएम नरेंद्र मोदी ने खुद दी थी. जी हाँ मिशन शक्ति के तहत भारत ने पहली बार जमीन से अन्तरिक्ष में अचूक निशाना लगाकर एक सेटेलाईट को नष्ट कर दिया था जोकि भारत के लिए पूरी दुनिया में एक बड़ी उपलब्धि थी. अब इस मिसाइल को पहली बार राजपथ पर देखा जा सकेगा.

अपाचे और चिनूक हेलीकॉप्‍टर

भारतीय वायुसेना की ताकत बढ़ाने के लिए अभी हाल ही में शामिल हुए अमेरिकी अपाचे और चिनूक हेलीकाप्टर पहली बार राजपथ पर उड़ान भरते नजर आयेंगे. इन हेलिकॉप्टर की सबसे खास बात ये है कि ये बहुत तेजी से दुशमन पर हमला करने के साथ सेना को तेजी से साजों-सामान पहुंचाने में सक्षम हैं. ये हेलिकॉप्टर अपने सेंसर से रात में उड़ान भी आसानी से भर सकते हैं.

एयरफोर्स की झांकी में पहली बार राफेल

भारतीय वायुसेना की ताकत बढ़ाने वाला राफेल विमान इस बार एयरफ़ोर्स की झांकी का सबसे बड़ा आकर्षण रहने वाला है. इस विमान को भारत की जरूरत के हिसाब से बनाया गया है. भारतीय वायुसेना के खेमे में ये विमान आने के बाद दुश्मनों में डर पैदा हो गया है. इस विमान की सबसे खास बात ये है कि ये दस घंटे की डाटा रिकॉर्डिंग के साथ इजरायली हेलमेट उभार वाले डिस्प्ले, रडार वार्निंग रिसीवर के साथ कई अत्याधुनिक क्षमताओं से लैस है. इस विमान का रडार सिस्टम 100 किलोमीटर की रेंज में एक साथ 40 टारगेट की पहचान कर सकता है.

सर्जिकल स्‍ट्राइक वाली स्‍पेशल फोर्स

29 सितंबर 2016 को भारतीय सेना ने कुछ ऐसा कर दिखाया था जो हर किसी के लिए गर्व की बात थी. जी हाँ इस दिन सेना के पैरा कमांडों के जवानों ने पाक में घुसकर सर्जीकल स्ट्राइक कर कई आतंकी कैम्पों को तबाह किया था. सेना की ये टुकड़ी पहली बार इस गणतंत्र दिवस की परेड में दिखाई देने वाली है. वहीँ इस बार सीआरपीएफ की महिला कमांडों राजपथ पर स्टंट करते नजर आयेंगी. इसी के साथ कई स्वदेशी निर्माणाधीन विमान वाहक पोत का मॉडल भी पहली बार राजपथ पर देखने को मिलेगा. इस परेड की सबसे खास बात ये रहेगी कि इस बार महिला सैन्य अधिकारी तान्या शेरगिल इस गणतंत्र दिवस परेड की कमान संभालेंगी.