अपने इस बयान पर बुरे फसेंगे राहुल गांधी! पीएम मोदी ने की निंदा

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देश में महिलाओं के सम्मान की बड़ी बड़ी बाते की जाती है. कुछ नेता ऐसे है जो चुनावी मौसम में महिलाओं की भीड़ देखते ही उनके सम्मान की बात करने लगते हैं लेकिन अगर कहीं कोई महिला उनका पोल खोल दे तो वे महिलाओं को आधार बनाकर हमलावर हो जाते हैं

राहुल गाँधी…कांग्रेस के अध्यक्ष, महिलाओं के सम्मान की बातें करते हैं. महिलाओं को बड़ी जिम्मेदारी सौंपने की बात करते है लेकिन अगर कोई महिला उनकी पोल खोल दे तो वे बुरी तरह बिफर जाते हैं. दरअसल राफेल डी.ल राहुल गाँधी के गले की हड्डी बन गयी है. बिना सबूत के ही जब वे सदन में दो बार झूठे साबित हो गये और महिला रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने करारा दिया तब से राहुल गाँधी बौखला गये! और अब महिलाओं के अपमान पर उतर आये हैं.
दरअसल राहुल गाँधी ने एक रैली को संबोधित करते हुए अतिउत्साहित हो गये और कुछ ऐसा बोल गये जो महिला आयोग बिलकुल पसंद नही आया.

“ढाई घंटे तक महिला उनकी रक्षा नही कर सकी” ये आप क्या कह गये राहुल जी! राहुल गाँधी के इस बयान पर पीएम मोदी अमित शाह और कई बड़े नेताओं ने निंदा की है. इसके साथ ही महिला आयोग ने खुद संज्ञान लेते हुए राहुल गाँधी को नोटिस भेज दिया है. आयोग ने मीडिया में आई खबरों का हवाला देते हुए कहा कि यह बयान ‘नारी विरोधी, आक्रामक, अनैतिक और अपमानजनक’ है. आयोग ने गांधी की कथित टिप्पणी की निंदा करते हुए कहा कि वह अपने ‘गैरजिम्मेदाराना’ बयान को लेकर संतोषजनक स्पष्टीकरण दें.

राहुल गांधी अक्सर ये आरोप लगाते हुए पाए जाते है कि बीजेपी और आरएसएस के लोग महिलाओं का सम्मान नही करते, उन्हें बाहर ही निकलने देना चाहते, उन्हें आगे नही बढ़ने देना चाहते,तो राहूल गाँधी जी हम आपको यहाँ बताने चाहते हैं कि देश को पहली महिला रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण है. जिन्होंने राफेल के मुद्दे पर सदन में आपकी धज्जियाँ उड़ा दी. अपने जवाब से आपको भाग खड़े होने पर मजबूर कर दिया. अब आप रैली में जाकर कह रहे हैं कि महिला रक्षामंत्री आपको जवाब नही दे पायी. बेहद शर्मनाक बयान है राहुल गाँधी जी. अगर आप महिलाओं की थोड़ी भी इज्जत करते हैं तो आपको माफ़ी मांगनी चाहिए.


इस पूरे विवाद पर पीएम ने कहा है कि वे महिला रक्षा मंत्री का अपमान करने पर तुले हैं. यह एक महिला का नहीं पूरे भारत की नारी शक्ति का अपमान है. इसके लिए इन गैर-जिम्मेदार नेताओं को कीमत चुकानी होगी. यह गर्व का विषय है कि पहली बार एक महिला देश की रक्षा मंत्री बनी है.

महिलाओं की सुरक्षा और आत्मनिर्भरता के लिए मोदी सरकार में बेहतर काम हुआ है इस बात से तो इनकार नही किया जा सकता है. महिलाओं का सम्मान करना चाहिए. राजनीति के चक्कर मे महिलाओं का अपमान करने वाले नेताओं को माफ़ नही किया जाना चाहिए. राहुल गाँधी जिस राजनीति और बोलने के तरीके में सुधार कर रहे हैं ठीक उसी तरह उन्हें अपने रिसर्च और महिलाओं के सम्मान के बारे में भी सोचना चाहिए अन्यथा जिस तरह वे बेतुके बयान दे रहे हैं, जनता सब देख रही है.