राजस्थान सरकार के सभी दावों की खुली पोल, जानिए वहां मजदूरों के साथ क्या किया जा रहा है

कोरोना के हर दिन बढ़ रहे प्रकोप के चलते पूरे देश मे पीएम मोदी ने लॉकडाउन को आगे बढ़ाने का फैसला लिया था. लॉकडाउन को 3 मई तक के लिए आगे बढ़ा दिया था. इसके बावजूद भी हालात नही सुध रहे जिसके बाद सरकार ने लॉकडाउन को 17 मई तक बढ़ाने का ऐलान किया है. लॉकडाउन बढ़ने के बाद भी मरीजों की संख्या का ग्राफ गिरने की बजाय हर दिन बढ़ और रहा है.

जानकारी के लिए बता दें देश में लगातार बढ़ रहे लॉकडाउन के चलते अन्य राज्यों में रह रहे मजदूरों के पास अब कोई काम नही बचा है और न ही उनपर अब खर्चा चलाने को पैसे बचे हैं. हालांकि राज्य सरकारें ऐसे लोगों को खाना मुहैया और आर्थिक सहायता के रूप में धन राशि प्रदान कर रही हैं.

राजस्थान सरकार के इन दावों की पोल खुलती नजर आ रही है. राज्य छोड़कर अपने घर जा रहे मजदूर वर्ग के लोग पैदल ही जा रहे हैं क्योंकि सबसे कोरोना के कहर की सबसे ज्यादा मार रोज कमाने वाले लोगों पर ही पड़ी है.

गौरतलब है कि राजस्थान में कोरोना के लगातार बढ़ते मरीजों के चलते सीमाओं को सील कर दिया गया है वहीं सरकार ने मजदूरों को रहने के लिए जो शेल्टर होम बनाये थे उन्हें भी 7 दिन पहले बंद कर दिया है. ऐसे में मजदूर वर्ग के लोगों के पास अपने घर जाने के अलावा कोई और चारा नही है. पैदल ही पलायन कर रहे मजदूरों को सरकार की तरफ से किसी भी तरह बंदोबस्त नही है. न ही इन्हें सड़कों पर पानी की व्यवस्था मिल रही है और न ही छाव के कुछ इंतजाम हैं. वहीं इस समय राजस्थान का पारा 40 के पार जा रहा है जोकि मजदूरों पर डबल मार रहा है.