पुलवामा में एक और बड़ी सा’जिश नाकाम, IED से भरी कार से 2019 की तरह ह’म’ले का था प्लान, लेकिन सुरक्षा बलों ने…

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जम्मू कश्मीर के पुलवामा जिले में 2019 की तरह ही एक बड़ी सा’जिश रची गई थी. लेकिन सुरक्षा बलों की सतर्कता ने इस बड़ी सा’जिश को नाकाम कर दिया. ह’मले का तरीका भी ठीक वैसा ही चुना गया जिस तरीके से 2019 में आ’तं’की ह’मले को अंजाम दिया गया था. सुरक्षा बलों ने IED से भरी कार को बरामद किया. कार में वि’स्फोट’क इतनी ज्यादा मात्रा में भरा गया था कि उसे डि’फ्यू’ज करना मुश्किल था. इसलिए सुरक्षा बलों को उस गाड़ी को उ’ड़ा’ना पड़ा.

तीन दिन पहले मिले इनपुट के आधार पर सुरक्षाबलों ने पुलवामा के राजपोरा इलाके में स्थित आइनगुंड से इस कार को जब्त किया. ये एक सफेद रंग की सैंट्रो कार थी. इस गाड़ी में टू व्हीलर की नंबर प्लेट लगाई गई थी जो कठुआ का था. जम्मू-कश्मीर के डीजीपी दिलबाग सिंह के मुताबिक, इस बारे में पिछले तीन-चार दिनों से इनपुट मिल रहा था. कुछ नाके पर सैंट्रो कार रुकी नहीं थी, जिसके बाद शक गहरा हुआ. जम्मू-कश्मीर पुलिस, CRPF समेत अन्य सुरक्षाबलों की ओर से इस जॉइंट ऑपरेशन को चलाया गया. इस गाड़ी को साउथ कश्मीर के पुलवामा जिले में रजपुरा रोड के पास पकड़ा गया. इसके अन्दर इतनी भारी मात्रा में IED भरी थी कि सुरक्षा बलों के भी होश उड़ गए. इसे किसी भी तारफ से डिफ्यूज करना नामुमकिन साबित हो रहा था इसलिए सुरक्षा बालों ने एकांत इलाके में जा कर इसे वि’स्फो’ट से उ’ड़ा’ने का निर्णय लिया. सतर्कता के आधार पर आस पास के इलाकों को खाली कराया गया था. वि’स्फो’ट इतना जबरदस्त था कि रिहायशी इलाकों से बहुत दूर वि’स्फो’ट करने के बावजूद कुछ कुछ घरों के शीशे चटक गए.

यही है वो कार

14 फ़रवरी 2019 को पुलवामा में सीआरपीएफ के काफिले पर इसी तरह से आ’तं’की ह’म’ला किया गया था. IED से भरी कार को काफिले के साथ टकरा दिया गया था जिसमे 40 जवान शहीद हो गए थे. इस बार भी तरीका वही था लेकिन सतर्कता से एक बड़ी सा’जिश नाकाम हो गई.