पंजाब में ड्रग अधिकारी नेहा शौरी की हत्या, नशा व्यापारी ने लिया दस साल का बदला

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सालों की मेहनत, दिन रात एक करके जब एक इंसान प्रशासनिक अधिकारी बनता है तो उसके दिल में एक ही ज़ज्बा होता है.. अपने देश और देशवासियों की सेवा में अपने पद के हर दायित्व और कर्त्तव्य का निष्ठा से पालन करना.. सोचिये ऐसी सोच रखने वाले ईमानदार अधिकारी को अपनी सेवा के बदले मौत मिले तो इसे किसकी गलती कहेंगे

पंजाब की एक लडकी को दिन दहाड़े उसके ऑफिस में गोली मार दी जाती है सिर्फ इसलिए क्यूंकि वो ईमानदार थी, देशवासियों के लिए समर्पित थी.. भ्रष्ट नही थी.. यह लड़की थी नेहा शौरी जो पंजाब के खरड में जोनल LIASONING ऑफिसर के पद पर तैनात थी… नेहा शौरी को उनके खरड स्थित ऑफिस में लगभग 11.25 पर बलिंदर सिंह नाम के आदमी ने अपने रिवाल्वर से तीन गोलियां मारी, एक चेहरे पर, एक सीने पर, एक उनके कंधे पर जिससे तुरंत ही उनकी मौत हो गई.. बाद में बलिंदर को पकड़ने के लिए उसके पीछे ऑफिस का आदमी भागा तो उसने पकड़े जाने के डर से खुद को भी गोली मार ली.

यह तो था नेहा के क़त्ल का मामला अब आते हैं क़त्ल के पीछे की वजह पर.. और यह वजह है नशा.. वही नशा जो दशकों से पंजाब में घुला हुआ है.. वहां के युवाओं को अपनी गिरफ्त में ले चुका है.. उनकी जिंदगियां तबाह कर चुका है.. नेहा की गलती बस यह थी कि वो इस नशे का नामो निशाँ पंजाब से मिटा देना चाहती थी.. पंजाब की फिजाओं को फिर से सांस लेने लायक बनाना चाहती थी.. दरअसल पंजाब में दवाई के नाम पर युवाओं को नशा बेचा जा रहा है.. पंजाब क्षेत्र में ऐसी कई दुकानें हैं जो देखने में तो आम केमिस्ट शॉप लगती है पर वहां नशा परोसने का धंधा चल रहा होता है..

आज से 10 साल पहले 2009 में नेहा के कातिल बलिंदर सिंह की मोरिंडा में दवाइयों की दुकान हुआ करती थी जिसका लाइसेंस नेहा ने रद्द कर दिया था क्यूंकि दूकान में छापेमारी पर वहां नशीली सामग्री पाई गई थी और सिर्फ बलिंदर सिंह ही नहीं उस छापेमारी में उसके जैसे कई दवाइयों वालों का खुलासा हुआ था जो दवाई की आड़ में नशा बेच रहे थे , युवाओं की जिंदगियां ख़राब कर रहे थे.. नेहा की गलती यह थी कि वो ईमानदारी से अपना काम कर रही थी.. वो काम कर रही थी जिसकी जिम्मेदारी सरकार की बनती है पर अफ़सोस कि आज तक पंजाब सरकार राज्य में फैले नशे को काबू नही कर पाई, 10 साल पहले हुई घटना की खुन्नस बलिंदर ने अब नेहा की जान लेकर निकाल ली.. ये पूरी घटना CCTV कैमरे में कैद हो गई जिस वक़्त नेहा पर हमला हुआ वो अपनी 3 साल की भतीजी से बात कर रही थी.. बलिंदर अपने बैग में रिवाल्वर लेकर घुसा और नेहा पर ताबड़तोड़ तीन गोलियां बरसा दी जिससे मौके पर ही नेहा की मौत हो गई  

घटना के बाद से ही देश और विदेश हर जगह से लोगों के निंदनीय प्रतिक्रियाएं आ रही हैं.. लोगों का आक्रोश सोशल मीडिया पर निकल रहा है और वो नेहा के लिए इन्साफ की मांग कर रहे हैं, पंजाब के मुख्यमंत्री कप्तान अमरिंदर सिंह ने मामले की जांच और कार्यवाही के आदेश दे दिए हैं.. मगर अफ़सोस कि नेहा जैसे इमानदार और समर्पित अफसर को ये देश खो चुका है, उनकी हत्या की इस घटना ने पंजाब सरकार और प्रशासन पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. उम्मीद है कि नेहा को जल्द से जल्द इन्साफ मिले और वो जो भी लोग हैं जो दवाई की दुकानों की आड़ में युवाओं को नशा देकर देश का वर्तमान और भविष्य ख़राब कर रहे हैं उनके खिलाफ कड़ी कार्यवाही.. अगर आपके आस पास भी कोई ऐसी केमिस्ट शॉप है जहाँ इस तरह का काम हो रहा है तो इसके खिलाफ नजदीकी पुलिस थानों में शिकायत दर्ज कराएं.. चुप ना बैठे.. क्यूंकि हो सकता है कि आपकी आज की चुप्पी का भुगतान कल आपके ही किसी अपने को करना पड़े