महाराष्ट्र की गठबंधन सरकार में दरार, कांग्रेस नेता कर सकते हैं सीएम उद्धव से मुलाकात

788

कोरोना वायरस ने महाराष्ट्र को पूरी तरह से अपनी ग्रिफ्त्त में ले लिया हैं. ताज़ा आंकड़ो की बात करें तो गरीब 1 लाख संक्रमित मरीज महाराष्ट्र के अंदर हैं. अब महाराष्ट्र की यह तस्वीर डरा रही हैं. सरकार क्या कर रही है समझ नहीं आ रहा हैं. उद्धव सरकार के हाथ से कोरोना वायरस पूरी तरह से निकल चूका हैं. कोरोना को दरकिनार करते हुए अब महाराष्ट्र सरकार के अंदर दरार की खबर आ रही है.

महाराष्ट्र में गठबंधन सरकार के बीच तना’व बढ़ता जा रहा है. गठबंधन की तीन प्रमुख सहियोगियों में से एक कांग्रेस अपने आपको गठबंधन में महतवपूर्ण फैसलों या बैठक में अपने आपको शामिल करने का प्रयास कर रही हैं. क्योकि अभी तक कांग्रेस का गठबंधन में तीसरे सहयोगी होने का उतना महत्व नहीं था. इसे पहले राहुल गाँधी ने ये बात कही थी कि महाराष्ट्र सरकार में हम निर्णय नहीं ले सकते हैं.कांग्रेस के एक नेता के मुताबिक ये कहा जा रहा है कि ऐसा भावना पैदा हो रही  है कि जैसे कांग्रेस को अलग थलग कर दिया गया हैं. इसी बीच कांग्रेस के एक मंत्री ने कहा, “कुछ मुद्दों को लेकर पार्टी के अंदर नाराजगी है, जिस पर हम मुख्यमंत्री के साथ चर्चा करना चाहते हैं और उन्हें सुलझाना चाहते हैं.” 

कांग्रेस पार्टी को महाराष्ट्र सरकार में किसी भी तरह की कोई तवज्जु नहीं दी जा रही हैं. जिसे कांग्रेस पार्टी की नाराजगी साफ़ नजर आ रही हैं. कांग्रेस पार्टी के एक अन्य नेता ने कहा कि ‘जब पिछले साल नवंबर में तीन दलों की सरकार बनी थी और मंत्रिपरिषद ने शपथ ली थी, उस वक्त यह फैसला हुआ था कि सत्ता एवं जिम्मेदारियों में बराबर साझेदारी होगी.’ लेकिन जिस हिसाब से कांग्रेस के नेताओं के बयान सामने आ रहे है उससे यही लगता है की कांग्रेस को बाकि दोनों पार्टियों मिलकर दरकिनार कर दिया हैं . कांग्रेस पार्टी के सूत्र ने कहा कि ‘प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बालासाहेब थोराट और पीडब्ल्यूडी मंत्री अशोक चव्हाण राज्यपाल कोटा से विधान परिषद नामांकनों, राज्य सरकार द्वारा संचालित निगमों एवं बोर्ड में नियुक्ति और कांग्रेस मंत्रियों को आ रही समस्याओं से जुड़े मुद्दे पर चर्चा करने के लिए उद्धव ठाकरे से सोमवार को मुलाकात करेंगे.’

अब देखना ये है की क्या होता है. क्योकि कांग्रेस अपना द’र्द महाराष्ट्र को लेकर कई बार बयां कर चुकी है और एक बार फिर से यही अटकले लग रही हैं कि महाराष्ट्र सरकार में दरार पड़ती हुए दिख रही है.