दिल्ली ज’ल रही है. कई महीनों से इसे ज’लाने की साजिश की जा रही थी. सब जानते हैं इसे ज’लाने वाले कौन है. लेकिन इसके बावजूद वामपंथी और लिबरल गैं’ग खुल कर इन दं’गाई CAA विरोधियों के बचाव में सामने आ गया है. CAA विरोधियों ने हेड कांस्टेबल रतन लाल की ह’त्या कर दी. CAA विरोधियों ने DCP अमित शर्मा को मौ’त की कगार पर पहुंचा दिया. लेकिन इसके बावजूद वामपंथी और लिबरल गैंग बे’शर्मी से इन दं’गाई CAA विरोधियों के समर्थन में खड़ा है.

जाफराबाद की सड़कों पर शाहरुख़ खुलेआम पुलिस के ऊपर ब’न्दू’क तान कर फा’यरिं’ग करता है. लेकिन वामपंथियों ने आँखे मूँद ली. द प्रिंट की पत्रकार ज्योति यादव कह रही हैं, ‘रामचंद्र कह गये सिया से ऐसा कलयुग आएगा, जय श्री राम का नारा बोलकर दं’गाई आ’ग लगाएगा!’ 

दिल्ली के ब्रहमपुरी में ना’रा-ए-त’क’बीर, अ’ल्ला’ह-हू-अ’कब’र का नारा लगाती भीड़ ने एक आदमी की ह’त्या कर उसकी ला’श को सड़कों पर घ’सीटा. लेकिन ज्योति यादव को वो नारा नहीं सुनाई दिया. सुनाई देता भी कैसे, उन्हें प्रोपगैंडा भी तो चलाना था. अनुराग कश्यप CAA विरोधी दं’गाइ’यों के समर्थन में इस तरह से खड़े हैं कि उन्होंने CAA समर्थकों को मुस्लिम विरोधी घोषित कर दिया.

एक और बड़े पत्रकार हैं अजीत अंजुम. सोमवार की देर रात को ही पता चल गया था कि पुलिस पर फा’य’रिंग करने वाले का नाम शाहरुख़ है. लेकिन अजीत अंजुम को मंगलवार की दोपहर तक शाहरुख़ के धर्म के बारे में पता नहीं चल सका. अजीत अंजुम अपने हमदर्द की आलोचना कैसे कर सकते थे इसलिए उन्होंने ना तो शाहरुख़ का जिक्र किया और ना ही धर्म का. लेकिन अगर वो गलती से भी हिन्दू निकल गया होता तो उसे रामभक्त घोषित कर दिया गया होता.