सपा सरकार में 1300 पदों पर जल निगम में हुई भर्ती को लेकर सीएम योगी ने लिया बड़ा एक्शन

उत्तरप्रदेश में बीजेपी की सरकार बनने के बाद से ही सीएम योगी आदित्यनाथ ने एक के बाद एक करके कई बड़े फ़ैसले लिए हैं. सत्ता संभालते ही उन्होंने प्रदेश की कानून व्यवस्था और अधिकारियों के समय पर ड्यूटी देने को लेकर सख्त निर्देश जारी किये थे वहीं सूबे के कुख्यात बदमाशों को साफ़ कह दिया कि या तो वह आत्मसमर्पण कर दें या फिर एनकाउंटर के लिए तैयार रहे. योगी सरकार के खौफ के चलते बदमाशों ने अलग-अलग जगह खुद थाने पहुंचकर आत्मसमर्पण किया था. इसी बीच एक और बड़ी खबर यूपी से आ रही है.

जानकार के लिए बता दें उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने चयन प्रक्रियाओं में अनियमितताओं का हवाला देते हुए जल निगम में हुई भर्ती को लेकर बड़ा फैसला लिया है. सीएम योगी ने बड़ा एक्शन लेते हुए जल निगम में 1300 लोगों की नियुक्ति रद्द कर दी हैं. जल निगम में ये सभी नियुक्तियां पूर्व सपा सरकार में हुई थी. 1300 पदों में 853 पद जूनियर इंजीनियर, 122 सहायक इंजीनियर और 325 पद क्लर्क के थे.

दरअसल जेल में बंद यूपी सरकार केपूर्व मंत्री और सांसद आजम खान 2016-17 के दौरान जल निगम मंत्री थे. उनके कार्यकाल में ही ये भर्तियाँ हुई थी, जिसकी एसआईटी जाँच कर रही थी. पिछली सरकार के शासनकाल में भर्ती प्रक्रिया में कथित भ्रष्टाचार की जाँच के लिए 2017 में एसआईटी का गठन किया था. अब जांच में भी अनियमितता बरते जाने की बात कही गयी है और आजम खान भी दोषी पाए गये हैं.

गौरतलब है कि जेल में बंद आजम खान की अब इस मामले में मुश्किलें बढ़ सकती हैं. उनके बेटे अब्दुल्ला आजम की पहले ही फर्जी बर्थ सर्टिफिकेट मामले में विधानसभा सदस्यता रद्द कर दी गयी है. एसआईटी ने भी शासन को जांच के बाद रिपोर्ट सौंप दी है. जल निग भर्ती में हुए घोटाले में आजम खान को बड़ा झटका लग सकता है.