मध्य प्रदेश छीन कर भाजपा ने लिया कांग्रेस से महाराष्ट्र का ब’दला

346

कहते है सियासत कब बदल जाए कोई नहीं कह सकता. जिस तरह मो’हब्बत और जं’ग में सब कुछ जायज होता है ठीक उसी तरह राजनीति में भी सब जायज है. जिसका उदाहरण है मध्य प्रदेश सरकार का. मध्य प्रदेश सरकार की स्थि’ति यह हो गयी है की वो कभी भी स’त्ता से हाथ धो सकती है और क’यास लगाये जा रहे है. जल्द ही बीजेपी अपना परचम मध्य प्रदेश में फेहरा सकती है. दरअसल हुआ कुछ ऐसा है कि कांग्रेस पार्टी से अपने करियर की शुरुआत करने वाले ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कांग्रेस का हाथ छोड़ बीजेपी का दा’मन थाम लिया है.

जिसके चलते अब कांग्रेस के लिए एक और बु’री खबर यह है कि उनके साथ मध्य प्रदेश सरकार के 22 विधायकों ने भी अपने इ’स्तीफे सरकार को दे दिए है. जिसके बाद बीजेपी मध्य प्रदेश में वा’पसी की तैयारी कर रही है. हालंकि ऐसा पहली बार नहीं होगा जब बीजेपी किसी राज्य में अपनी वापसी करेगी इससे पहले भी बीजेपी ने 2017 में गोवा विधानसभा चुनाव के दौरान भी छोटे और निर्दलियों के साथ मिल कर अपनी सरकार बनायीं थी. हालाँकि उस दौरान चुनाव में कांग्रेस को 17, बीजेपी को 13 और बाकी सीटों पर छोटे दल और निर्दलियों के खाते में गयी थी.

वहीं दूसरी तरह 2018 में कर्नाटक विधानसभा चुनाव के में बीजेपी को बड़ी बढ़त मिली थी लेकिन सरकार बनाने के लिए प’र्याप्त सीटें नहीं मिली जिसके चलते कांग्रेस ने JDS के साथ मिल कर सरकार बना ली और कुछ दिनों बाद कांग्रेस और JDS के विधायकों ने भी इ’स्तीफे दे दिए. जिसके बाद बीजेपी ने बीएस येदियुरप्पा के नेतृत्व में सरकार बना ली.

गौरतलब है बीजेपी के लिए यह पहली बार नहीं है जब उसको किसी राज्य में वापसी करनी है. कर्नाटक और गोवा के बाद अब बीजेपी के लिए MP में वापसी करना कोई ज्यादा कठिन कार्य नहीं है.