बिहार : मदरसा में ब’म वि’स्फोट के बाद NDA में अफरा तफरी, सभी पार्टियों ने एक दूसरे पर चलाये बयानों के तीर

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बीते दिनों बांका के एक मदरसा में ब’म विस्फो’ट हुआ और मदरसा जमींदोज हो गया. एक मौलवी की मौ’त हो गई और कई लोग घाय’ल हो गए. फॉरेंसिक जांच में सामने आया कि ब’म एक ट्रंक में छुपा कर रखा गया था. आगे की जांच अभी जारी है लेकिन इस ब’म विस्फो’ट के बाद सत्ताधारी NDA में अफरा-तफरी मच गई है. बीजेपी, जेडीयू और हम एक दूसरे पर बयानों के तीर चला रहे हैं.

मधुबनी के बिस्फी से भाजपा विधायक हरिभूषण ठाकुर बचौल ने कहा कि इन जगहों (मदरसों) पर सिर्फ आ’तंकवा’द की शिक्षा दी जाती है. जिस तरह से बांका के मदरसे में ब्ला’स्ट हुआ है, उससे यह बात साबित होती है. मदरसों में दलित और पिछड़े वर्ग के लोगों को प्रता’ड़ित करने की शिक्षा दी जा रही है. अब बीजेपी विधायक के बयान पर पलटवार आया जेडीयू विधान पार्षद गलाम रसूल बलियावी की तरफ से. बलियावी ने भाजपा विधायक बचौल के बयान पर कहा कि ऐसे लोगों को पागलखाने भेज देना चाहिए. ऐसे लोग चुनाव के समय क्यों जाते हैं मस्जिद-मदरसों के दरवाजे पर वोट मांगने?

जेडीयू के पलटवार के बाद जीतन राम मांझी की पार्टी हम ने भी जेडीयू की तरफ से भाजपा पर ह’मला बोला. हम प्रवक्ता दानिश रिजवान ने कहा कि भाजपा के कुछ नेता लगातार अपने बयानबाजी से सरकार को अस्थिर करने की कोशिश कर रहे हैं और विपक्ष को सरकार के खिलाफ बोलने का मौका दे रहे हैं. हम प्रमुख जीतन राम मांझी ने भी बिना भाजपा का नाम लिए तीखा ट्वीट किया .उन्होंने भले ही भाजपा का नाम नहीं लिया लेकिन उनका निशाना भाजपा पर ही था. उन्होंने ट्वीट करते हुए कहा, “गरीब दलित जब आगे बढ़े तो न’क्सली, गरीब मुसलमान जब मदरसे में पढ़े तो आ’तंकी. भाई साहब, ऐसी मानसिकता से बाहर निकलिए. यह राष्ट्र की एकता और अखंडता के लिए ठीक नहीं. हम बांका ब[‘म वि’स्फोट की घटना की उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हैं.”

मांझी के ट्वीट पर तुरंत भाजपा का पलटवार आया. बिहार बीजेपी के प्रदेश उपाध्यक्ष राजीव रंजन ने कहा, “हम तो अभी तक जान रहे थे कि आ’तंक का कोई धर्म नहीं होता और न’क्सली की कोई जात नहीं होती. आ’तंकी, आतं’की होता है और न’क्सली, नक्स’ली है. लेकिन कुछ ‘विशेषज्ञों’ ने तो इनका जात-धर्म सब खोज निकाला. ये देश की अखंडता बचाने के लिए इन दु’र्दान्तों के अप’राधों पर आंखे मूंदने की सलाह भी दे रहे हैं.” उन्होंने आगे कहा, ‘”सही को सही और गलत को गलत कहने की हिम्मत रखिए. जनता ने कश्मीर को भी देखा है और अभी बंगाल से नूरपुर तक का तमाशा भी देख रही है. आ’तंकी या नक्स’ली किसी के सगे नहीं होते, यह ‘भस्मासुर’ पालने वालों को भी नहीं छोड़ते. हिंदुस्तान के मर्म को न समझने वाले पाकिस्तान का उदाहरण देख सकते हैं.”