फारुख ने कहा कि दाढ़ी कटवाने के बाद शर्म आ रही थी इसीलिए कह दिया मॉ’ब लिं’चिंग हुई है.

3776

मोहम्मद फारूख ने बताया कि शहर में पांच साल पहले इज्तिमा हुआ था. इज्तिमा अरबी भाषा का एक शब्द है जिसका मतलब कई लोगों का एक जगह पर इकट्ठा होना है. इसमें तकरीर से प्रभावित होकर उसने दाढ़ी बढ़ा ली. अब कुछ दिन से गर्मी अधिक होने के कारण वह दाढ़ी से परेशान था. दाढ़ी कटवाना चाह रहा था लेकिन शर्मिंदगी के कारण दाढ़ी कटवा नहीं पाया. गुरुवार सुबह सात बजे के लगभग वह राष्ट्रवंदना चौक से दिल्ली जाने के लिए ट्रक में सवार हुआ और खजूरी पुस्ता-5 पर दोस्त हासिम के पास पहुंचा.

फारुख ने दोस्त से दाढ़ी कटवाने की बात कही तो उसके दोस्त ने मना किया लेकिन वह नहीं माना. बाद में फारूख ने दाढ़ी कटवा ही ली. रात में काम कर घर लौटने लगा. बागपत में बस स्टैंड पर उतरा तो उसे ख्याल आया कि दाढ़ी कटवा ली है तो समाज के लोग क्या कहेंगे. इससे बचने के लिए उसने झूठी कहानी सोच ली और कपड़े फाड़कर घर पहुंच गया और परिजनों को झूठ बोल दिया. इसके बाद हंगामा हुआ.

देश में कुछ दिन पहले तक मोब लिंचिंग की इतनी घटनाएं सामने आई थ, जिससे पूरे देश में बवाल मचा था लेकिन आधी घटनाएँ तो ऐसी थी कि इधर से घटनाएँ सामने आती उधर से घटनाएँ झूठी साबित हो जाती. ठीक उसी तरह जैसे आलू इधर से डालो और उधर से सोना निकलेगा. ऐसी एक दो घटनाएँ नही थी बल्कि कई सारी थी. अब एक और ताजा मामला सामने आया है. उत्तर प्रदेश का जिला है बागपत, बागपत में एक मुस्लिम व्यक्ति ने आरोप लगाया कि वो ट्रेन से दिल्ली जा रहा था. सुन्हैड़ा रेलवे हाल्ट पर चार युवकों ने उसे जबरन ट्रेन से उतार लिया और जबरन उसकी दाढ़ी काट दी. उससे 10 हजार रुपये भी लूट लिए. विरोध करने पर मारपीट की. फिर क्या था? इसके बाद परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया, बवाल काटना शुरू कर दिया. परिजनों ने स्थानीय पुलिस अधिकारी से लेकर, उत्तर प्रदेश पुलिस और सरकार के साथ साथ केन्द्रीय गृह मंत्री से भी शिकायत कर दी. वैसे आज कल उत्तर प्रदेश पुलिस Twiiter पर काफी एक्टिव है, शिकायत मिलते ही पुलिस का कार्रवाई के लिए जवाब आ ही जाता है.

तो भैया ये मामला तो धार्मिक, विवादित, मोब लिंचिंग और अत्याचार से जुड़ा था तो पुलिस भी तुरंत संक्रिय हो गयी. एसपी प्रताप गोपेंद्र यादव ने एएसपी अनिल कुमार सिंह, सीओ सिटी ओमपाल सिंह, कोतवाली पुलिस को मौके पर पहुंचकर कार्रवाई के निर्देश दिए. मतलब शिकायत मिलने पर पुलिस पीड़ित मुस्लिम युवक के पास पहुंची जानकारी लेने, हालचाल लेने कि आखिर मामला क्या था? इधर परिजन गुस्से से लाल हुए जा रहे थे. हंगामा करने पर उतारू थे. पुलिस फारूख और उसके भाई को कोतवाली ले गई. उससे सख्ती से पूछताछ की तो उसने घटना की पूरी सच्चाई बता दी. एसपी ने बताया कि फारूख ने जबरन दाढ़ी काटने की झूठी सूचना दी थी. वह दिल्ली से खुद ही दाढ़ी कटवाकर आया था. पुलिस उससे पूछताछ कर रही है. अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. ये तो रही फारुख की कहानी, लेकिन इससे पहले कानपुर, पश्चिम बंगाल, दिल्ली, गुरुग्राम समेत कई जगहों से इस तरह की झूठी ख़बरें सामने आ चुकी है..

निवेदन : आम नागरिकों को कम से कम से समाज में जहर घोलने का काम नही करना चाहिए…फारुख से लोगों को सीखना चाहिए कि ऐसा करके आप बच नही सकते.. आपका झूठ सामने आ ही जाएगा..

एक और महत्वपूर्ण बात-कई जगहों पर लोग बच्चा चोर समझकर किसी को भी पीट दे रहे हैं… आपसे निवेदन है कि किसी पर शक होने के बाद, पूछताछ के बाद पुलिस को इसकी सूचना दीजिये, पुलिस के जरिये पूरे गिरोह का भंडाफोड़ होगा.