ट्रेन में सफर के दौरान महिला को आए पीरियड्स, एक ट्वीट पर रेलवे ने पहुंचाया सैनेट्री पैड

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सोशल मीडिया पर इंडियन रेलवे की खूब तारीफ हो रही है। इसकी वजह है एक ट्वीट क्यों की ट्विटर आजकल लोगों की हेल्प करने में बहुत इम्पोर्टेन्ट रोल प्ले कर रहा है. बीते समय में ऐसे कई उदाहरण सामने आए हैं जब एक ट्वीट पर रेल मंत्रालय से यात्रियों की मदद तुरंत की गई है. ऐसा ही कुछ हुआ बीते दिनों सफर के दौरान एक महिला के पेट में तेज दर्द शुरू हो गया और उन्हें पीरियड्स आ गए जिसके चलते उन्हें काफी दिक्कत हो रही थी. उनके पास सेनेट्री पैड नहीं था उसके बाद महिला के एक दोस्त ने उनकी मदद के लिए इंडियन रेलवे और पियूष गोयल को एक ट्वीट किया.

विशाल ने कहा मेरी दोस्त को एक इमरजेंसी है, कृपया उसकी हेल्प  करें। मेरी दोस्त ट्रेन संख्या 56090 (बेंगलुरु से बरेली) के कोच S7 में सफर कर रही है। उसकी सीट का का नंबर 37 है। उसे बहुत तेज दर्द हो रहा है, प्लीज उसे मेडिसिन उपलब्ध करवाएं।ट्वीट करने के 13 मिनट बाद ही भारतीय रेलवे ने अपने ऑफिशियल ट्विटर हैंडल से विशाल के ट्वीट पर रिप्लाई करते हुए लड़की का मोबइल और पीएनआर मांगा और महिला की मदद की।

उसके बाद महिला ने भी तुरंत हेल्प करने और इमरजेंसी समझने के लिए रेलवे और अपने दोस्त का धन्यवाद किया ,रेलवे ने जिस तरह से महिला की हेल्प के लिए तुरंत काम किया वो सच में तारीफ के काबिल है , इसी वजह से ही पूरे सोशल मीडिया पर रेलवे की वाह-वाही हो रही है

ऐसा कोई पहली बार नही हुआ है एक बार ऐसे ही एक माँ के पास अपने बच्चे को पिलाने के लिए दूध नही था तो उन्होंने रेल मंत्रालय को ट्वीट करते हुए मदद मांगी थी तब रेल मंत्रालय द्वारा मदद की गयी थी.ऐसे कई किस्से पिछले 4-5 सालों में देखने को मिले हैं. रेल मंत्रालय और रेल मंत्री से ट्वीटर पर मदद मागने पर मदद पहुंचाई जा रही है.

लेकिन यह बात तो हमें भी समझनी होगी कि ऐसा हर किसी के साथ नही हो पाता. हमे इमरजेंसी में ही हेल्प मांगनी चाहिए ,खैर हमारी आदत है हेल्प मागने की, हम मांगते रहेंगे लेकिन तभी ,जब ज्यादा जरूरत हो.  कुछ साल पहले जब कुछ ट्रेन दुर्घटनाएं हुई थी उस समय लोगों में रेलवे के प्रति काफी आक्रोश था लेकिन उसके बाद भारतीय रेल और रेल मंत्री एक्शन में आये और अब दुर्घटनाओं पर लगाम लगाने के साथ लोगों तक पहुंचा कर रेलवे लोगों का दिल जीतने का काम कर रहा है.